1
Advertisement

देश की होली

माटी का चन्दन गुलाल
हर भाल लगायेंगे
देश में होली हम ऐसे मनायेंगे

बन्दूकों की पिचकारी 
से दुश्मन मार भगायेंगे
तोपोें  में भर बारूद
हर आतंक को मिटायेंगे
अब के बरस होली 
हम ऐसे मनायेंगे

देश में रहे खुशहाली
गोली संग होली मनायेंगे
मातृ भूमि की हरियाली खातिर
लहु का रंग दिखायेंगे
केसरिया शवेत परिधान वतन की
झोली में रोली खूब सजायेंगे
अब के बरस होली 
हम ऐसे मनायेंगे

हर चेहरे पे हो लाली
वतन की कर रखवाली
सुरक्षित जागृत रहे अमन के रंग
जागे दिल ओ देश मेरा स्वतन्त्र
इस के लिये तिरंगे में हम सो जायेंगे
इस मिट्टी के गुलाल में हम डूब जायेंगे

राजेश गोसाईं
------------------

2....

होली खूब मनाना


लाल रंग से लाली
हरे पीले से खुशहाली
गुलाबी रंगों से
अमन चैन भर कर
माँ भारती का चोला सजाना है
होली का त्यौहार मनाना है

ना पानी कोई व्यर्थ बहाना
गुलाल अबीर चन्दन संग
होली खूब मनाना
रूठे हुये जो दिल हैं
उनको गले आज लगाना है
होली का त्यौहार मनाना है

बंट ना जाये लाल हरे रंग 
एक बने हम अनेक संग
प्रेम गीत हम मिल कर गायें
हर गाल पे लाली लायें
देश की फुलवारी सजी रहे
कली कली में मुस्कान लाना है
मिल जुल कर होली मनाना है

राजेश गोसाईं

एक टिप्पणी भेजें

  1. आपकी रचना बहुत सुन्दर है। हम चाहते हैं की आपकी इस पोस्ट को ओर भी लोग पढे । इसलिए आपकी पोस्ट को "पाँच लिंको का आनंद पर लिंक कर रहे है आप भी कल रविवार 12 मार्च 2017 को ब्लाग पर जरूर पधारे ।
    चर्चाकार
    "ज्ञान द्रष्टा - Best Hindi Motivational Blog

    उत्तर देंहटाएं

आपकी मूल्यवान टिप्पणियाँ हमें उत्साह और सबल प्रदान करती हैं, आपके विचारों और मार्गदर्शन का सदैव स्वागत है !
टिप्पणी के सामान्य नियम -
१. अपनी टिप्पणी में सभ्य भाषा का प्रयोग करें .
२. किसी की भावनाओं को आहत करने वाली टिप्पणी न करें .
३. अपनी वास्तविक राय प्रकट करें .

 
Top