8
'कबीर' भक्ति आन्दोलन के एक उच्च कोटि के कवि, समाजसुधारक एवं भक्त माने जाते है। कबीर दयालु और सेवा परायण व्यक्ति थे। लोक कल्याण के हेतु ही मानो उनका समस्त जीवन था। कबीर को वास्तव में एक सच्चे विश्व - प्रेमी का अनुभव था। कबीर की सबसे बड़ी विशेषता यह थी कि उनकी प्रतिभा में अबाध गति और अदम्य प्रखरता थी। समाज में कबीर को जागरण युग का अग्रदूत कहा जाता है। डॉ.हजारी प्रसाद द्विवेदी ने लिखा है कि साधना के क्षेत्र में वे युग -युग के गुरु थे,उन्होंने संत काव्य का पथ प्रदर्शन कर साहित्य क्षेत्र में नव निर्माण किया था।
यहाँ पर कबीर के दोहे दिए जा रहे है। आशा है कि इसके मध्यम से कबीर के साहित्य के सौंदर्य एवं उनकी लोक दृष्टि को समझने में सहायता मिलेगी

आप इस पुस्तक को यहाँ से डाउनलोड करें ,ख़ुद पढ़ें एवं अपने मित्रों को भी पढ़ने के लिए वितरित करें ।
मुझे आपके सुझावों कि प्रतीक्षा है।

एक टिप्पणी भेजें

  1. Kabeer ke dohe ajramar hain...aapne 'download' karaneka mauqa diya...tahe dilse shukriya.....Diwali kee anek shubhkamnayen...aapko tatha aapke sabhee pathak mitron ko...

    उत्तर देंहटाएं
  2. बहुत आभार इस लिंक के लिए.

    सुख औ’ समृद्धि आपके अंगना झिलमिलाएँ,
    दीपक अमन के चारों दिशाओं में जगमगाएँ
    खुशियाँ आपके द्वार पर आकर खुशी मनाएँ..
    दीपावली पर्व की आपको ढेरों मंगलकामनाएँ!

    -समीर लाल ’समीर’

    उत्तर देंहटाएं
  3. मेरा नाम मंतोष तिवारी है।
    मै मुंब ई मेँ रहता हूँ।
    मै जौनपुर का रहने वाला हूँ।मेरे गाँव का नाम पणराँव है।

    उत्तर देंहटाएं
  4. मेरा नाम मंतोष तिवारी है।
    मै मुंब ई मेँ रहता हूँ।
    मै जौनपुर का रहने वाला हूँ।मेरे गाँव का नाम पणराँव है।

    उत्तर देंहटाएं
  5. ap is portal par kabeer ke sare bhajan mp3 dale acha prayash hai
    anil badlapur jaunpur

    उत्तर देंहटाएं

आपकी मूल्यवान टिप्पणियाँ हमें उत्साह और सबल प्रदान करती हैं, आपके विचारों और मार्गदर्शन का सदैव स्वागत है !
टिप्पणी के सामान्य नियम -
१. अपनी टिप्पणी में सभ्य भाषा का प्रयोग करें .
२. किसी की भावनाओं को आहत करने वाली टिप्पणी न करें .
३. अपनी वास्तविक राय प्रकट करें .

 
Top